नीरज जोशी, बीकानेर, (समाचार सेवा)। नौ दिवसीय तपस्या का पारणा, जैन संस्कार विधि से हुआ समारोह, गांधी चौक स्थित नवरंगी तप में तपस्विनी अन्नु देवी बोथरा की नौ दिवसीय तपस्या के पारणे पर ‘तप अनुष्ठान सम्पूर्ति संस्कार’ समारोह आयोजित हुआ। जैन संस्कार विधि से हुए कार्यक्रम में आध्यात्मिक मंत्रोच्चार और नमस्कार महामंत्र के साथ मंगलाचरण किया गया।
श्री संस्कारक धर्मेन्द्र डाकलिया के मार्गदर्शन में प्रशिक्षु मोहनलाल भंसाली ने मांगलिक विधि संपन्न कराई। डाकलिया ने कहा कि तपस्या को भगवान की वाणी में मोक्ष मार्ग का चौथा पथ बताया गया है। यह भव-भव से संचित कर्मों को क्षीण करने का साधन है। उन्होंने जैन संस्कार विधि को आडंबरमुक्त एवं अहिंसापूर्ण मांगलिक विधि बताते हुए इसे अपनाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में बोथरा परिवार के जयचंद लाल बोथरा, मुलचंद नाहटा, मोतीलाल छाजेड़, सूरजमल दूगड़, 95 वर्षीय मोहिनी देवी सहित परिवारजन एवं श्रद्धालु मौजूद रहे। समारोह के अंत में मोहन भंसाली ने संस्कारकों एवं आगंतुकों का आभार जताया।
















